
खबर खुलेआम
तत्कालीन थाना प्रभारी जितेंद्र कुमार एसैया कि सटीक विवेचना से आरोपी को आजीवन कारावास
घरघोड़ा / अपर सत्र न्यायाधीश अभिषेक शर्मा ने हत्या के मामले में अभियुक्त कंवर सिंह को सुनाई आजीवन कारावास की सजा और अर्थ दण्ड से दंडित करने का दंडा देश सुनाया।मामले का संक्षिप्त विवरण बताते हुए अपर लोक अभियोजक राजेश सिंह ठाकुर ने बताया कि थाना घरघोड़ा के अपराध क्रमांक 254 / 2020 के अनुसार ग्राम कया निवासी मृतक पूरन सिंह राठिया की हत्या उसके बड़े पिता अभियुक्त कंवर सिंह राठिया के द्वारा अत्यंत निर्दयता पूर्वक उसके गर्दन छाती और भुजा में तीर धनुष से तीन बार तीर चला कर चोट पहुंचाकर की गई थी सूचना कर्ता के अनुसार उनका अपने बड़े पिता अभियुक्त कंवर सिंह राठिया के साथ जमीन सम्बन्धी विवाद चल रहा था उसी रंजिश के कारण अभियुक्त ने घात लगाकर कर तीर धनुष से प्रहार किया था। उक्त घटना की सूचना मृतक के बड़े भाई राम प्रसाद राठिया ने थाना घरघोड़ा में आकर दर्ज कराया था कि घटना दिनांक 28 /10/ 2020 को दोपहर लगभग 3:00 बजे जब सूचना कर्ता राम प्रसाद राठिया अपने छोटे भाई मृतक पूरन सिंह राठिया, गांव के संतोष रठिया एवं होम रठिया के साथ अपने खेत से धान का बंडल उठा कर ट्रैक्टर ट्राली में लोड कर गांव की तरफ वापस आ रहे थे।

ट्रेक्टर ट्राली के ऊपर पूरन सिंह राठिया और संतोष राठिया बैठे थे तभी अभियुक्त कंवर सिंह राठिया जो मांझी डोंगरी जंगल में तीर धनुष और टांगी लेकर घात लगाए बैठा था। जैसे ही सूचना कर्ता का ट्रैक्टर मांझी डोंगरी की ऊंचाई की ओर चढ़ने लगा और उसकी गति कुछ धीमी हुई तभी अभियुक्त कंवर सिंह राठिया ट्रैक्टर के ट्रॉली में बैठे अपने छोटे भाई के पुत्र पूरन सिंह राठिया को निशाना लगाकर तीर से मारा संतोष रठिया यह देख कर चिल्लाते हुए ट्रेक्टर से कूद कर भागने लगा ,जिसे देखकर राम प्रसाद राठिया और ओम राठिया भी अभियुक्त की मंशा को भांप कर डर से गांव की ओर भागे और गांव में जाकर घटना की सूचना दी। अभियुक्त ने मृतक पूरन सिंह राठिया के शरीर में तीर धनुष से तीन बार तीर चला कर उसके गला भुजा और छाती में तीन तीर चला कर उसके प्राण हर लिये । जिससे मृतक ट्रैक्टर के ट्रॉली के ऊपर लुढ़क गया और वही उसकी मृत्यु हो गई थी रिपोर्ट कर्ता ने बताया कि वह गांव में जाकर घटना की सूचना गांव वालों को दिया और गांव वालों के साथ आकर घटनास्थल जाकर देखें तो उसके छोटे भाई पूरन सिंह राठिया की मृत्यु हो चुकी थी। जिसकी सूचना उसने थाना घरघोड़ा में आकर कर दिया था थाना घर घोड़ा के अपराध क्रमांक 254 /2020 में अपराध कायम कर तात्कालीन विवेचना अधिकारी जितेंद्र कुमार एसैया ने अभियुक्त के विरुद्ध विवेचना करते हुए सभी महत्वपूर्ण साक्ष्यों को संकलित कर अभियुक्त के विरुद्ध धारा 302 के तहत अभियोग पत्र तैयार कर न्यायालय में प्रस्तुत किया । न्यायालय ने मामले की सुनवाई करते हुए प्रकरण के सभी गवाहों के बयान दर्ज किए तथा उभय पक्ष के तर्क श्रवण करने के पश्चात विद्वान न्यायालय ने अभियुक्त को धारा 302 के तहत उसके छोटे भाई के पुत्र मृतक पूरन सिंह राठिया की हत्या करने का दोषी ठहराते हुए अभियुक्त कंवर सिंह राठिया को आजीवन कारावास की सजा सुनाई तथा 1000रू के अर्थदंड से दंडित करने का निर्णय सुनाया । उल्लेखनीय है कि माननीय न्यायालय ने मृतक के वारिसों एवं आश्रितों को विधिक सेवा प्राधिकरण रायगढ़ के माध्यम से क्षतिपूर्ति के रूप में 100000/रू /एक लाख रुपए की राशि प्रदान किए जाने के अनुशंसा की है । मामले की पैरवी शासन की ओर से अपर लोक अभियोजक राजेश सिंह ठाकुर ने की।












