
डेस्क खबर खुलेआम
गणेश भोय जिला ब्यूरो जशपुर
जशपुर। इंसास रायफल समेत कई घातक हथियार जंगल में छोड़कर फरार हुए आरोपी पलटू दास को आखिरकार जशपुर पुलिस ने मुंबई से गिरफ्तार कर लिया है। करीब 14 माह से फरार चल रहे आरोपी को तकनीकी विश्लेषण, साइबर इनपुट और मुखबिर की सूचना के आधार पर विशेष पुलिस टीम ने दबोच लिया। आरोपी को जशपुर लाकर पूछताछ के बाद गिरफ्तार कर पुलिस रिमांड पर लिया गया है। पुलिस जांच में यह भी सामने आया है कि गिरफ्तार आरोपी पूर्व में नक्सल संगठन के एक सक्रिय सदस्य के संपर्क में रह चुका है। मामला 11 जून 2026 का है, जब थाना सिटी कोतवाली जशपुर पुलिस को सूचना मिली थी कि बूमतेल सरनाटोली जंगल में दो सशस्त्र व्यक्ति राहगीरों को हथियारों के बल पर डराकर उनसे पैसे मांग रहे हैं। सूचना मिलते ही पुलिस ने जंगल की घेराबंदी कर सर्च अभियान शुरू किया।

पुलिस को देखते ही दोनों आरोपी इंसास रायफल, होममेड रायफल, देसी कट्टा, कारतूस, तलवार समेत अन्य सामान मौके पर छोड़कर जंगल के रास्ते फरार हो गए थे।घटनास्थल से पुलिस ने एक इंसास रायफल मैगजीन सहित, एक होममेड रायफल, एक देसी कट्टा, छह जिंदा कारतूस, चार लोहे के बोल्ट, हथौड़ी, तलवार, कैंची, बैग और अन्य दस्तावेज बरामद कर जब्त किए थे। इस संबंध में थाना सिटी कोतवाली जशपुर में आर्म्स एक्ट की धाराओं 25 और 27 के तहत अपराध दर्ज कर विवेचना शुरू की गई थी।जांच के दौरान पुलिस ने आरोपियों की पहचान झारखंड के गुमला जिले के निवासी हृदय साहू उर्फ गांगु और पलटू दास (36 वर्ष) के रूप में की। हृदय साहू को पुलिस पहले ही गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेज चुकी थी, जबकि पलटू दास लगातार पुलिस को चकमा देकर फरार चल रहा था। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. लाल उमेद सिंह के निर्देशन में गठित विशेष टीम ने तकनीकी विश्लेषण और साइबर इनपुट के आधार पर पलटू दास के मुंबई में छिपे होने की जानकारी जुटाई। टीम ने मुंबई पहुंचकर उसे हिरासत में लिया और जशपुर लाकर पूछताछ की।पूछताछ में आरोपी ने स्वीकार किया कि उसकी मुलाकात सह-आरोपी हृदय साहू से उसके जीजा के गांव लूँगा में हुई थी। दोनों ने हथियारों के बल पर लोगों को डराकर अवैध वसूली करने की योजना बनाई थी। आरोपी अपने साथ इंसास रायफल और देसी कट्टा लेकर आया था, जबकि होममेड रायफल हृदय साहू को दी थी।दोनों आरोपी जंगल के रास्ते छत्तीसगढ़ पहुंचे और एक युवक-युवती को खुद को “पार्टी का सदस्य” बताकर धमकाया। उनके परिजनों से 30 हजार रुपये मंगवाकर दोनों ने राशि का आपस में बंटवारा कर लिया। आरोपी ने यह भी स्वीकार किया कि जंगल में पुटू (मशरूम) बीनने आई दो युवतियों को हथियार दिखाकर डराया और उनका भोजन खा लिया। बाद में खेत में काम कर रहे लोगों से भी भोजन लिया। इसी दौरान पुलिस का सर्च अभियान शुरू हुआ और दोनों हथियार छोड़कर जंगल के रास्ते फरार हो गए।पूछताछ में पलटू दास ने यह भी बताया कि वह पूर्व में एक नक्सली कमांडर के समूह के संपर्क में रहा था। उसके अनुसार वर्ष 2012 में जंगल में चट्टान के नीचे छिपाकर रखे गए हथियार उसने अपने कब्जे में ले लिए थे। इस संबंध में पुलिस विस्तृत जांच कर रही है।पुलिस ने आरोपी के कब्जे से एक रियलमी मोबाइल फोन भी जब्त किया है। पर्याप्त साक्ष्य मिलने और अपराध स्वीकार करने के बाद आरोपी को विधिवत गिरफ्तार कर न्यायालय में प्रस्तुत किया गया है। जशपुर पुलिस अब हथियारों के स्रोत और आरोपी के संभावित नक्सली नेटवर्क से जुड़े अन्य पहलुओं की भी गहन जांच कर रही है।











