
डेस्क खबर खुलेआम
रायपुर / सरकारी नौकरी का झांसा देकर ठगी करने वाले गिरोह का पर्दाफाश करते हुए रायपुर ग्रामीण पुलिस ने एक शासकीय शिक्षक और एक निजी स्कूल के क्लर्क को गिरफ्तार किया है। दोनों आरोपियों ने फर्जी भर्ती आदेश जारी कर करीब तीन दर्जन से अधिक लोगों से लगभग 1.5 करोड़ रुपये की ठगी की थी। पुलिस के अनुसार, आरोपियों ने सामान्य प्रशासन विभाग, नवा रायपुर के नाम से विभिन्न विभागों—परिवहन, राजस्व, आपदा प्रबंधन, वन एवं जलवायु परिवर्तन, पंचायत एवं ग्रामीण विकास तथा स्कूल शिक्षा—में भर्ती के फर्जी आदेश तैयार किए थे। इन आदेशों में सचिव और उप-सचिव के डिजिटल हस्ताक्षरों का दुरुपयोग किया गया और इन्हें व्हाट्सएप के माध्यम से वायरल कर लोगों को झांसे में लिया गया।मामले का खुलासा तब हुआ जब सामान्य प्रशासन विभाग के कर्मचारी राजपाल बघेल ने 24 अप्रैल 2026 को थाना राखी में शिकायत दर्ज कराई। शिकायत के आधार पर पुलिस ने अज्ञात आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता और आईटी एक्ट की धाराओं में अपराध दर्ज कर जांच शुरू की।मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक रायपुर ग्रामीण के निर्देशन में विशेष टीम गठित की गई। तकनीकी साक्ष्यों और सोशल मीडिया विश्लेषण के आधार पर आरोपी राजेश शर्मा उर्फ राजू की पहचान की गई, जिसकी लोकेशन राजनांदगांव जिले के डोंगरगढ़ क्षेत्र में मिली।पुलिस टीम ने डोंगरगढ़ पहुंचकर राजेश शर्मा को गिरफ्तार किया। पूछताछ में उसने खुलासा किया कि आर्थिक तंगी और कर्ज के कारण उसने ठगी की योजना बनाई और अपने साथी मनोज कुमार श्रीवास्तव को इसमें शामिल किया। दोनों ने मिलकर कंप्यूटर के जरिए फर्जी नियुक्ति आदेश तैयार किए और सोशल मीडिया के माध्यम से लोगों तक पहुंचाए।


जांच में यह भी सामने आया कि आरोपियों ने भिलाई की एक महिला से 1.90 लाख रुपये वसूले थे, जिसे बाद में वापस कर दिया गया। शिकायत सामने आने के बाद उन्होंने फर्जी आदेश का प्रसार बंद कर दिया था।पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से कंप्यूटर सेट (मॉनिटर, सीपीयू, कीबोर्ड, माउस) और प्रिंटर जब्त किए हैं। आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की विभिन्न धाराओं और आईटी एक्ट की धारा 66(डी) के तहत कार्रवाई की जा रही है।
गिरफ्तार आरोपी:1/ राजेश शर्मा उर्फ राजू (53 वर्ष), निवासी खुटापारा, डोंगरगढ़, जिला राजनांदगांव 2 / मनोज कुमार श्रीवास्तव (52 वर्ष), निवासी कुम्हारपारा, डोंगरगढ़, जिला राजनांदगांव।फिलहाल पुलिस इस पूरे मामले में अन्य संभावित पीड़ितों और नेटवर्क की भी जांच कर रही है।














