
डेस्क खबर खुलेआम
बेमेतरा जिले के नवागढ़ विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले ग्राम उमरिया में आज उस वक्त तनाव की स्थिति निर्मित हो गई, जब एक निजी स्वामित्व वाली जमीन पर शव को दफनाने का प्रयास किया गया जमीन मालिक और ग्रामीणों के विरोध के बाद मौके पर पहुंचे प्रशासनिक अमले और पुलिस टीम ने सूझबूझ से काम लेते हुए विवाद को शांत कराया और शव को अन्य स्थान पर दफनाने की सहमति बनवाई। पूरा मामला ग्राम उमरिया का है, जहाँ ओमप्रकाश साहू नामक व्यक्ति ने साल 2019 में गीता बाई नाम की एक महिला से लगभग 15 डेसिमल जमीन 10 लाख 75 हजार रुपये में खरीदी थी। इस जमीन के समस्त दस्तावेज, ऋण पुस्तिका और ऑनलाइन रिकॉर्ड ओमप्रकाश के नाम पर दर्ज हैं विवाद तब शुरू हुआ जब विक्रेता परिवार की एक महिला के निधन के बाद परिजनों ने उसी बेची गई निजी जमीन पर शव दफनाने के लिए गड्ढा खोदना शुरू कर दिया। इसकी सूचना मिलते ही जमीन मालिक ओमप्रकाश, सरपंच और बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर पहुँच गए। उन्होंने निजी भूमि का हवाला देते हुए वहां शव दफनाने से मना किया, जिससे दोनों पक्षों के बीच विवाद की स्थिति बन गई। विवाद की गंभीरता को देखते हुए पुलिस और प्रशासन की टीम तुरंत मौके पर पहुंची। तहसीलदार राधाकृष्ण घृतलहरे ने दोनों पक्षों को कानून की जानकारी दी और समझाइश दी। तहसीलदार की समझाइश के बाद पीड़ित पक्ष अन्य स्थान पर शव दफनाने के लिए राजी हुआ। इस दौरान शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए एसडीओपी भूषण एक्का सहित संबंधित थाने का पुलिस बल भी मौके पर मुस्तैद रहा
राधा किशन घृतलहरे तहसीलदार दाढी
जमीन मालिक ओमप्रकाश साहू











