
डेस्क खबर खुलेआम
NEET-UG परीक्षा में सामने आई अनियमितताओं को लेकर जारी सियासी घमासान के बीच देश की राजनीति से बड़ी खबर सामने आई है। केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने अपने पद से इस्तीफा देने की घोषणा कर दी है। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर एक भावुक पोस्ट साझा करते हुए अपने इस्तीफे की जानकारी दी।
केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है। यह फैसला ऐसे समय में आया है जब NEET-UG परीक्षा में कथित अनियमितताओं को लेकर विपक्ष और विभिन्न छात्र संगठनों का विरोध लगातार जारी था। इसी मुद्दे पर सीजेपी (कॉकरोच जनता पार्टी) भी उनके इस्तीफे की मांग को लेकर प्रदर्शन कर रही थी।धर्मेंद्र प्रधान ने X पर जारी अपने संदेश में कहा कि वे पिछले चार दशकों से छात्र, शिक्षक और शिक्षा सुधार के लिए समर्पित रहे हैं। उनका मानना है कि एक सशक्त और समावेशी शिक्षा व्यवस्था ही मजबूत राष्ट्र की नींव होती है। उन्होंने देश के युवाओं की आकांक्षाओं और उनकी न्यायोचित अपेक्षाओं का सम्मान करते हुए प्रधानमंत्री के नेतृत्व में सेवा का अवसर मिलने पर आभार भी व्यक्त किया।अपने बयान में उन्होंने स्वीकार किया कि 3 मई 2026 को आयोजित NEET-UG परीक्षा में अनियमितताएं सामने आई थीं। इसके बाद केंद्र सरकार ने मामले की जांच सीबीआई को सौंपी, परीक्षा रद्द की गई और दोबारा परीक्षा आयोजित करने का निर्णय लिया गया। साथ ही अगले वर्ष से परीक्षा को पूरी तरह कंप्यूटर आधारित (CBT) मोड में कराने का फैसला भी लिया गया। धर्मेंद्र प्रधान ने कहा कि सरकार की प्राथमिकता 20 लाख से अधिक छात्रों के लिए निष्पक्ष और सुचारू परीक्षा सुनिश्चित करना रही। केंद्र सरकार, राज्य सरकारों, जिला प्रशासन, छात्रों और अभिभावकों के सहयोग से 21 जून 2026 को पुनः परीक्षा सफलतापूर्वक संपन्न कराई गई।फिलहाल उनके इस्तीफे के बाद नए शिक्षा मंत्री को लेकर राजनीतिक हलकों में चर्चाएं तेज हो गई हैं। वहीं विपक्ष इसे अपनी बड़ी राजनीतिक जीत के रूप में पेश कर रहा है।









