

खबर खुलेआम
संलग्नकर्ता राजू यादव धरमजयगढ़
धरमजयगढ़। वनमंडल धरमजयगढ़ के बोरो वनपरिक्षेत्र अंतर्गत मिरीगुड़ा बीट फिटींगपारा में बीती भोर एक बार फिर हाथियों की दहाड़ ने सन्नाटा चीर दिया। ग्रामीणों के अनुसार रात लगभग 3 से 4 बजे के बीच 17-18 जंगली हाथियों का दल गांव में अचानक आ धमका।
विशालकाय दल के बीच से दो हाथी सीधे रूचा यादव के घर की ओर बढ़े और क्षणभर में वहां तोड़फोड़ मचा दी।हांफते दिलों और थरथराते कदमों से रूचा यादव ने अपने परिवार को बाहर निकाला और किसी तरह अंधेरे में जान बचाते हुए सुरक्षित स्थान की ओर दौड़ लगा दी। उधर, किसानों की मेहनत भी हाथियों के कोप से अछूती नहीं रही। खम्हार के पूर्व सरपंच चिंतामणि राठिया ने अपने खेत में मिसाई के लिए एकत्रित धान रखा था, जिसे हाथी दल ने रौंदकर तहस-नहस कर दिया। मेहनत की पूरी फसल देखते ही देखते मिट्टी में मिल गई। वहीं ग्रामीणों ने घटना की सूचना तत्काल संबंधित बीट गार्ड को दे दी है। हालांकि, समाचार लिखे जाने तक वन विभाग की टीम मौके पर नहीं पहुंची है, वन विभाग कि लापरवाही के कारण लोगों में आक्रोश व्याप्त हैं। फिलहाल हाथियों के कारण गांव में अभी भी दहशत का माहौल है, और लोग भयभीत नज़रों से जंगल की दिशा ताक रहे हैं… कहीं फिर से वही गर्जना न सुनाई दे जाए।












