---Advertisement---

खुली गाड़िया में राख .. राख का आतंक .. कानून दबा , सिस्टम खामोश , जनता बेहाल

By Khabar Khule Aam Desk

Updated on:

Follow Us
Advertisement Carousel
---Advertisement---
WhatsApp Group Join Now
Telegram Group Join Now
2540995

खबर खुलेआम

रायगढ़ जिले का घरघोड़ा आज विकास नहीं, बल्कि राख तंत्र का शिकार बन चुका है। सड़कों पर उड़ती फ्लाइ ऐश अब सिर्फ गंदगी नहीं रही यह सीधे लोगों की सांसों में घुलता जहर बन चुकी है। और हैरानी की बात? सब कुछ खुल्लम-खुल्ला हो रहा है, लेकिन जिम्मेदार विभाग चुप्पी साधे बैठे हैं। घरघोड़ा और क्षेत्र इन दिनों राख पाटने वालों के लिए स्वर्ग बना हुआ है। स्थानीय प्रशासन और पर्यावरण विभाग ने आंखों में पट्टी बांध ली है।

बता दे की क्षेत्र में सरडा एनर्जी , महाबीर एनर्जी टीआरएन एनर्जी एवं अन्य उद्योग से निकलने वाले फ्लाई एस से चारों तरफ से राख के आगोश में समा रहा है पुरे घरघोड़ा क्षेत्र कि हालात बद से बदतर हैं। रेलवे ट्रैक के किनारे खेत हों या मुख्य सड़क हर जगह राख की मोटी परत बिछी हुई है। भारी वाहनों के गुजरते ही यह जहरीली धूल हवा में फैलती है, जिससे सड़कें फिसलन भरी और जानलेवा बन गई हैं। क्या किसी बड़े हादसे का इंतजार किया जा रहा है ? फ्लाइ एस से अगर किसी कि जान जाती है जाए इससे एसी के बंद कमरों में बैठने वाले अधिकारियों की कोई फर्क नहीं है।

2546417

घरघोड़ा बायपास 👇🏼👇🏼

2396962
Screenshot 2026 03 25 08 18 58 70 3a637037d35f95c5dbcdcc75e697ce91
कोसमघाट

कटंगडीह 👇🏼

2550500

स्थानीय लोगों का आरोप साफ है कि उद्योग प्रबंधन नियमों को ठेंगा दिखा रहा है। समतलीकरण के नाम पर खुलेआम फ्लाइ ऐश फेंकी जा रही है, जबकि इसके सुरक्षित निपटान के सख्त नियम मौजूद हैं। सवाल उठता है कि क्या ये नियम सिर्फ दिखावे के लिए हैं? लेकिन असली सवाल स्थानीय प्रशासन और पर्यावरण विभाग पर है। शिकायतें हुईं, आवाजें उठीं फिर भी कोई कार्रवाई नहीं। स्थानीय प्रशासन और जिला पर्यावरण विभाग कि यह चुप्पी सिर्फ लापरवाही है या फिर किसी दबाव का नतीजा ? या ये कहे कि चंद टुकड़ो के लिए बेबस हो गए है ? इस पूरे खेल में आम जनता पिस रही है हवा में घुलती राख अब बीमारी बनकर लौट रही है सांस की दिक्कत, आंखों में जलन और लगातार बिगड़ती सेहत। यह सिर्फ प्रदूषण नहीं, बल्कि एक उभरता हुआ स्वास्थ्य आपातकाल है।

अब लोग पूछ रहे हैं कब जागेगा प्रशासन ? कौन रोकेगा यह जहरीला खेल? और आखिर कब तक घरघोड़ा के लोग “राख” में जीने को मजबूर रहेंगे? अगर अब भी कार्रवाई नहीं हुई, तो यह सिर्फ पर्यावरण नहीं, बल्कि सिस्टम की नाकामी का काला सच बन जाएगा।

2541774
2472208
Advertisements

Khabar Khule Aam Desk

Khabar khuleaam.com एक हिंदी न्यूज पोर्टल है ,पोर्टल में छत्तीसगढ़ राज्य की खबरें प्राथमिकता के साथ प्रकाशित की जाती है जिसमें जनहित की सूचनाएं प्रकाशित की जाती है साइड के कुछ तत्त्वों के द्वारा उपयोगकर्ता के द्वारा किसी प्रकार के फोटो वीडियो सामाग्री के लिए कोई जिम्मेदार नही स्वीकार नही होगा ,, प्रकाशित खबरों के लिए संवाददाता या खबर देने वाला स्वयं जिम्मेदार होंगे .. किसी भी प्रकार के विवाद की स्थिति में क्षेत्रीय न्यायालय घरघोड़ा होगा ।।

Leave a Comment